पुलिस सब इंस्पेक्टर भर्ती घोटाले में ADGP अमृत पॉल निलंबन के साथ किए गए गिरफ्तार

भर्ती घोटाले (PSI Recruitment Scam) के आरोप में 1995 बैच के आईपीएस (IPS) अधिकारी ADGP अमृत पॉल को गिरफ्तार किया है. CID ने चार बार पूछताछ के बाद अमृत पॉल को गिरफ्तार किया. वहीं 545 सिलेक्टेड कैंडिडेट्स (Candidates) में से 40 को भी गिरफ्त में लिया गया है. आरोप है कि ओएमआर शीट से टैंपर करने के लिए प्रत्येक कैंडिडेट से 30 से 80 लाख रुपए तक लिए गए थे. 

कर्नाटक सरकार ने भी कार्रवाई करते हुए एडीजीपी अमृत पॉल को किया निलंबित कर दिया है. ये स्कैम (Scam) जब सामने आया तब एडीजीपी अमृत पॉल रिक्रूटमेंट सेल के हेड थे और उन्हें बाद में इंटरनल सिक्योरिटी डिवीजन में ट्रांसफर कर दिया गया. आपको बता दें कि पिछले साल अक्टूबर में 545 पुलिस सब-इंस्पेक्टर की नियुक्ति के लिए भर्ती परीक्षा आयोजित की गई थी. इसमें 54,041 उम्मीदवारों ने हिस्सा लिया था. कर्नाटक के 93 केंद्रों पर परीक्षा ली गई थी. वहीं रिजल्ट इस साल जनवरी में जारी किया गया. जिसके बाद कुछ छात्रों ने नंबर में गड़बड़ी की शिकायत की थी.

ऐसे सामने आया घोटाला :- इस पूरे मामले ने तब तूल पकड़ा जब एक परीक्षार्थी वीरेश की उत्तर पुस्तिका ओएमआर यानी ऑप्टिकल मार्क रीडिंग पेपर लीक हो गया था. ये देख सब हैरान हो गए कि वीरेश ने अपने पेपर में 130 में से केवल 21 प्रश्नों का सही उत्तर दिया था लेकिन उसने 7वां रैंक हासिल किया था. तब ऐसा माना गया कि वीरेश ने अपनी रैंक बदलने के लिए किसी को भुगतान किया.

जांच के दौरान हुए चौकाने वाले खुलासे :- इसके बाद जांच की मांग उठी. यहां तक कि कर्नाटक विधानसभा में घोटाले का मुद्दा जोरों से उठा. इसके बाद सरकार ने जांच कराने का फैसला किया था. जांच के दौरान कई चौंकाने वाले खुलासे हुए. घोटाला सामने आने के बाद सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) बैकफुट पर आ गई. अब भी विपक्ष इस स्कैम के जरिए सरकार को घेर रही है.

Leave a Reply

Your email address will not be published.